मैं सांस लेता हूं तेरी खुशबू आती है
Wednesday, November 12, 2014
हर एक बात मीठी भाषा
हर एक बात मीठी भाषा में कही जा सकती है , अगर हम असभ्यता बरतते हैं तो अपना ही गला काट लेते हैं
- नमालूम
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